Hindi Pakhwara Samapan Samaroh   (28 September, 2016)


खरपतवार अनुसंधान निदेशालय में दिनाँक 14/09/2016 से प्रारंभ हुए हिन्दी पखवाडे़ का समापन एवं पुरस्कार वितरण समारोह दिनांक 28/09/2016 को आयोजित किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि माननीय आचार्य पं कृष्णकांत चतुर्वेदी जी, पूर्व आचार्य एवं अध्यक्ष संस्कृत पालि प्राकृत विभाग, रानी दुर्गावति विश्वविद्यालय, जबलपुर उपस्थित थे। हिन्दी पखवाड़े के द©रान निदेशालय में विभिन्न राजभाषा प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनमें शुद्ध लेखन, पत्र लेखन, आलेखन एवं टिप्पण प्रतियोगिता, क्विज कांटेस्ट प्रतियोगिता एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता प्रमुख थी। प्रोत्साहन योजना के तहत निदेशालय के वर्ष भर में 20,000 शब्दों से अधिक हिन्दी शब्द लिखने वाले 3 अधिकारियों कर्मचारियों को वरीयता क्रम के आधार पर प्रथम, द्वितीय, तृतीय नगद पुरस्कार निदेशक एवं मुख्य अतिथि के कर कमलों से प्रदान किये गये। इस अवसर पर राजभाषा कार्यान्वयन समिति के प्रभारी श्री आर.एस. उपाध्याय, मुख्य तकनीकी अधिकारी ने सभी अधिकारियों/कर्मचारियों का स्वागत करते हुये पखवाड़े के दौरान निदेशालय में हिन्दी के प्रचार-प्रसार हेतु किये गये कार्यक्रमों की विस्तार से जानकारी प्रदान की। निदेशालय के निदेशक डा. अजीत राम शर्मा ने कहा कि निदेशालय में कार्यालयीन कार्यां का संपादन मुख्यतः हिन्दी में ही किया जा रहा है, तथा शोध पत्रों का भी हिन्दी में रूपांतरण किया जा रहा है। उनके द्वारा मुख्य अतिथि को निदेशालय के मुख्य उद्देश्यों को भी विस्तार से बताया गया। इसके बाद विजयी सभी प्रतियोगियों को निदेशक महोदय ने बधाई दी तथा उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

मुख्य अतिथि माननीय आचार्य पं कृष्णकांत चतुर्वेदी जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि हिंदी में केवल शुद्ध शब्दावली का उपयोग ही होता है, इसे जैसा लिखा जाता है, उसी तरह इसका उच्चारण भी होता है, ऐसा अन्य भाषाओं में नही पाया जाता। हिन्दी के स्वरों तथा व्यंजनों के विषय में मुख्य अतिथि महोदय ने विस्तार से अपने उद्बोदन में बताया। भाषा के विषय में जो व्यवस्था संवैधानिक तौर से पूर्व में बनाई गई थी, वह विधिवत् लागू नही हो सकी, क्योंकि त्रिभाषी व्यवस्था को साथ-साथ चलाया गया। हिन्दी के विशिष्ट विद्वानों के विषय में भी अतिथि महोदय द्वारा विस्तार से बताया गया, साथ ही विनोभा भावे द्वारा चलाये गये हिन्दी प्रचार-प्रसार के आंदोलन को भी उन्होंने बताया।

अंत में निदेशालय के निदेशक डा. अजीत राम शर्मा एवं मुख्य अतिथि द्वारा विजयी प्रतिभागियों को पुरस्कार प्रदान किये गये। कार्यक्रम का संचालन श्री जी.आर. डोंगरे एवं आभार प्रदर्शन कार्यान्वयन समिति के सदस्य श्री बसंत मिश्रा ने किया, कार्यक्रम को सफल बनाने में कार्यान्वयन समिति के सदस्य श्री मनोज गुप्ता एवं श्री एस. एल. कोष्टा का विशेष योगदान रहा। कार्यक्रम में निदेशालय के सभी वैज्ञानिकों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

Our Mission

खरपतवार सम्बंधित अनुसंधान व प्रबंधन तकनीकों के माध्यम से देश की जनता हेतु उनके आर्थिक विकास एंव पर्यावरण तथा सामाजिक उत्थान में लाभ पहुचाना।

"To Provide Scientific Research and Technology in Weed Management for Maximizing the Economic, Environmental and Societal Benefits for the People of India."

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Last Updated : Nov 01, 2019